मनीषा कोइराला बॉलीवुड की बेहतरीन और टैलेंटेड एक्ट्रेसेस में से एक मानी जाती हैं. हाल ही में उनकी सीरीज "हीरामंडी" चर्चा का विषय रही, जिसमें उनकी अदाकारी ने फिर से दर्शकों का दिल जीता. लेकिन मनीषा का एक ऐसा दौर भी था जब उन्हें अपनी ही फिल्म की रिलीज को रोकने के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ा था.
मनीषा कोइराला अपनी फिल्म 'एक छोटी सी लव स्टोरी' (2002) को लेकर एक बार फिर सुर्खियों में थीं. इस फिल्म में मनीषा के साथ आदित्य सील ने अभिनय किया था, जो उस समय महज 14 साल के थे. फिल्म में कुछ इंटीमेट और बोल्ड सीन थे, जिन्हें बॉडी डबल के जरिए शूट किया गया था. मनीषा को यह सीन बिल्कुल पसंद नहीं आए और उन्होंने मेकर्स से शिकायत की. इस विवाद को बढ़ते देख, मनीषा ने कोर्ट का रुख किया और कई राजनीतिक हस्तियों से इस फिल्म को रोकने की भी गुहार लगाई थी.
मनीषा के आरोपों के बाद, फिल्म के डायरेक्टर शशिलाल नायर ने अपनी बात रखी. उन्होंने कहा, "मुझे एक न्यूकमर की तलाश थी, और मनीषा ने खुद कहा कि वह इस फिल्म में काम करेंगी. मैंने उन्हें पहले ही बता दिया था कि यह एक एक्सपेरिमेंटल फिल्म होगी और इसमें बोल्ड सीन होंगे. मनीषा ने यह सब जानने के बाद भी फिल्म साइन की थी."
शशिलाल नायर ने आगे बताया, "वह उस समय मॉडल जैसी नहीं लग रही थीं, लेकिन उन्होंने कहा कि वह वजन कम कर लेंगी. साथ ही, मनीषा ने यह भी कहा था कि वह बिना पैसे के भी काम कर सकती हैं."
डायरेक्टर शशिलाल नायर ने एक इंटरव्यू में यह भी खुलासा किया कि मनीषा कोइराला राजनीति में प्रवेश करना चाहती थीं. उनका मानना था कि इस फिल्म के विवाद के जरिए मनीषा को लोकप्रियता मिल सकती है, जो उनके राजनीति में आने के सपने को साकार करने का एक जरिया बन सकता था.
‘एक छोटी सी लव स्टोरी’ मनीषा कोइराला के करियर की एक ऐसी फिल्म रही, जिसे लेकर विवाद और कानूनी लड़ाई चली. इस फिल्म ने मनीषा की छवि को लेकर कुछ सवाल उठाए, लेकिन यह भी साबित कर दिया कि वह अपनी पेशेवर पहचान और स्वाभिमान के लिए किसी भी हद तक जा सकती थीं.