PM Modi Egypt Visit: भारत के प्रधानमंत्री इस समय विदेश दौरे पर हैं। इसी क्रम में अमेरिका के बाद इस समय प्रधानमंत्री मिस्र के काहिरा पहुंचे जहां पर उन्होंने अल-हकीम मस्जिद का दौरा किया। यह मस्जिद मिस्र की राजधानी काहिरा में दाऊदी बोहरा समुदाय के लिए बहुत ही ज्यादा सांस्कृतिक महत्व रखती है। इस मस्जिद को बोहरा समुदाय के सहयोग से तैयार किया गया था।
सन 1997 के बाद मिस्र की यात्रा करने वाले नरेंद्र मोदी भारत के पहले प्रधानमंत्री हैं। मस्जिद अल-हकीम मिस्र के मुसलमानों के लिए सबसे पवित्र स्थलों में से एक है। इसी साल फरवरी के महीने में इस मस्जिद को जनता के लिए दोबारा खोला गया था। इस मस्जिद के रिनोवेशन का श्रेय भारतीय बोहरा समुदाय के सुल्तान मुफद्दल सैफुद्दीन और उनके आध्यात्मिक नेता 53वें अल-दाई अल-मुतलक को जाता है।
इसके आधिकारिक पेज के मुताबिक मस्जिद की हालत ऐसी हो गई थी की लगता था इसकी अब कोई भूमिका ही नहीं बची। 19वीं और 20वीं सदी में मिस्र में यूरोप से पर्यटकों का आना शुरू हो गया। तब इसके बाद इस परिसर को एक किले, अस्तबल, एक संग्रहालय, एक गोदाम और एक स्कूल में बदल दिया गया था। सन 1989 में इसके एक हिस्से को काहिरा में मौजूद यूनेस्को की विश्व विरासत सूची में शामिल किया गया।
प्रधानमंत्री मोदी के मस्जिद में जाने के बहुत बड़े मायने लगाए जा रहे हैं। इस मस्जिद का कनेक्शन कहीं ना कहीं भारत से भी है। प्रधानमंत्री मोदी का मिस्र की किसी मस्जिद में जाना भारतीय राजनीति के हिसाब से भी बड़ी गतिविधि है।