Israel-Hamas War: विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची जी से पूछा गया कि, क्या वह इजराइल को हथियार देंगे. इसके जवाब में उन्होंने कहा, अभी तक हमें इस तरह का की कोई रिक्वेस्ट नहीं मिली है और ना ही इस तरह की कोई मदद कर रहे हैं. अभी हमारा सिर्फ एक ही फोकस है कि, जो भारतीय इजराइल में फंसे हुए हैं और भारत आना चाहता है उन्हें सुरक्षित भारत लाना है.
उन्होंने आगे कहा कि फिलहाल भारतीय नागरिकों के पास लाने के लिए चार्टर्ड प्लेन का इस्तेमाल किया जा रहा है लेकिन जरूरत पड़ने पर सरकार वायु सेवा का भी उपयोग कर सकती है. उन्होंने आगे बताया कि, पहली फ्लाइट में लगभग 230 नागरिकों को इजराइल से भारत पहुंच जाएगा.
इजराइल में फंसे भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए भारत ने ऑपरेशन अजय लॉन्च किया गया है. आपको बता दें कि, भारत हमेशा बातचीत के माध्यम से आजाद और संप्रभुता फिलिस्तीन बनाने की वकालत करता रहा है और अभी भी भारत का यही स्टैंड है.
इजराइल में सभी भारतीय सुरक्षित विदेश मंत्रालय-
प्रेस कांफ्रेंस के दौरान देश मंत्रालय अंतिम बागची ने कहा कि हमास और इजराइल में जारी जंग में अभी तक किसी भी भारतीयों के घायल होने की सूचना नहीं मिली है. हालांकि उन्होंने कहा कि, एक भारतीय नागरिक घायल हो गया है जिसका इलाज चल रहा है और उसकी हालत में अब सुधार हो रहा है.
इजराइल में फंसे भारतीय के संपर्क में हैं विदेश मंत्रालय-
विदेश मंत्रालय लगातार घायल नागरिकों के संपर्क में है. उन्होंने कहा कि, हमने सभी भारतीय नागरिकों को मिशन की ओर से जारी एडवाइजरी का प्लान करने की सलाह दी है. विदेश मंत्रालय के मुताबिक फिलहाल 8000 भारतीय इजराइल में है.
हामास द्वारा 5000 रोकटो से इजरायल पर हमले करने के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने ने कहा था कि हम मुश्किल घड़ी में हम इजराइल के साथ है. पीएम मोदी ने इस हमले को आतंकवादी हमला बताया है. और इसकी कड़ी निंदा भी की थी. प्रधानमंत्री ने कहा था कि, आतंकवादी हमले की खबर से भारत को गहरा सदमा लगा है.