अप्रैल से चुनिंदा प्रतियोगिताओं में नई स्कोरिंग प्रणाली का परीक्षण करेगा बीडब्ल्यूएफ

नई दिल्ली:  बैडमिंटन विश्व महासंघ (BWF) ने आगामी अप्रैल से नई स्कोरिंग प्रणाली के परीक्षण की घोषणा की है. यह निर्णय खेल के प्रति नए दर्शकों को आकर्षित करने और मैचों की अवधि को छोटा करने के उद्देश्य से लिया गया है. बीडब्ल्यूएफ 15 अंकों के तीन गेम की प्रणाली को कम से कम छह महीने तक चुनिंदा प्रतियोगिताओं में लागू करेगा.

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Courtesy: social media

नई दिल्ली:  बैडमिंटन विश्व महासंघ (BWF) ने आगामी अप्रैल से नई स्कोरिंग प्रणाली के परीक्षण की घोषणा की है. यह निर्णय खेल के प्रति नए दर्शकों को आकर्षित करने और मैचों की अवधि को छोटा करने के उद्देश्य से लिया गया है. बीडब्ल्यूएफ 15 अंकों के तीन गेम की प्रणाली को कम से कम छह महीने तक चुनिंदा प्रतियोगिताओं में लागू करेगा.

नई स्कोरिंग प्रणाली का उद्देश्य

अभी तक, बैडमिंटन की प्रतियोगिताओं में 21 अंकों के 'बेस्ट ऑफ थ्री गेम' प्रारूप का पालन किया जाता है, जिसमें जो खिलाड़ी दो गेम जीतता है, वह विजेता घोषित होता है. बीडब्ल्यूएफ परिषद ने नवंबर 2024 में कुआलालंपुर में हुई बैठक में 15 अंकों के तीन गेम की प्रणाली को अनुमोदित किया. इस नए बदलाव के तहत, चुनिंदा प्रतियोगिताओं में इसका परीक्षण किया जाएगा.

बीडब्ल्यूएफ ने कहा, “हमने अप्रैल से सितंबर-अक्टूबर 2025 तक 15 अंकों के तीन गेम की प्रणाली का परीक्षण करने की योजना बनाई है, जिसमें महाद्वीपीय चैंपियनशिप, ग्रेड 3 टूर्नामेंट, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लीग शामिल होंगी.”

नई प्रणाली के लाभ

15 अंकों के तीन गेम प्रणाली के अपनाने से मैचों का समय घटेगा और प्रतिस्पर्धा में रोमांच बढ़ेगा. बीडब्ल्यूएफ के अनुसार, “इस प्रणाली में कम अंक होने से हर अंक अधिक रोमांचक होगा और मैचों का परिणाम भी तेजी से निकलेगा. इससे खेल की गति तेज होगी और दर्शकों के लिए अनुभव और भी रोमांचक होगा.”

इसके अलावा, इस प्रणाली के लागू होने से खिलाड़ियों की थकान भी कम होगी, क्योंकि मैच छोटे होंगे और रैलियों की संख्या भी कम रहने की संभावना है. इससे प्रतियोगिता का समय भी अधिक स्थिर रहेगा और टूर्नामेंट के आयोजन में भी सुविधा होगी.

क्या होगा अगला कदम?

बीडब्ल्यूएफ ने यह भी बताया कि परीक्षण के परिणामों के आधार पर, अंतिम निर्णय लिया जाएगा कि इस नई स्कोरिंग प्रणाली को बैडमिंटन के वैश्विक स्तर पर लागू किया जाए या नहीं. 2026 में बीडब्ल्यूएफ की वार्षिक आम बैठक में इस विषय पर अंतिम प्रस्ताव लाया जाएगा.

नई स्कोरिंग प्रणाली से बैडमिंटन में एक नए दौर की शुरुआत हो सकती है. यह बदलाव खेल की गति को तेज करेगा और दर्शकों को एक बेहतर अनुभव प्रदान करेगा. बीडब्ल्यूएफ की यह पहल, खेल के भविष्य में एक सकारात्मक बदलाव का संकेत देती है.

(इस खबर को भारतवर्ष न्यूज की टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की हुई है)

 

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